Pehle Ashre Ki Dua: पहले अशरे की दुआ हिंदी, अंग्रेजी और अरबी में (Ramadan 2027)

हम सब आज बहुत ही रहमत व बरकत और मग़फिरत भरी दुआ जानेंगे जो माह-ए-रमज़ान उल मुबारक के Pehle Ashre Ki Dua है।

हमने इसे आपको अच्छे से समझने के लिए हिंदी, अरबी और इंग्लिश भाषाओं में सरल शब्दों में लिखा है।

पहले अशरे की यह दुआ इतनी आसान और छोटी है कि आप इसे पढ़कर आसानी से याद भी रख सकते हैं।

एक बार इसे ध्यान से पढ़ लेने के बाद, आपको मुस्तकबिल में कहीं और ऐसा पहले अशरे की दुआ देखने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

इसलिए, कृपया इसे ध्यानपूर्वक पढ़ें और हमेशा के लिए अपने मन, जेहन, दिल-दिमाग में बसा लें।

Pehle Ashre Ki Dua

आज के दौर में इस्लाम का हर बच्चा बच्चा भी इस बात को जानता है कि रमज़ान उल मुबारक के शुरू के 10 दिन यानी 1 रमज़ान से लेकर 10 रमज़ान तक पहला अशरा रहता है।

Pehle Ashre Ki Dua In Hindi
Pehle Ashre Ki Dua In Hindi

शुरुआत के दस दिन को ही आप इस दुआ यानि अशरे की दुआ को ज्यादा से ज्यादा हर रोज सुबह व शाम पढ़ें जिसे आपकी गुनाहों की मगफिरत हो जाए।

Pehle Ashre Ki Dua in Hindi

“रब्बिग़ फिर वर-हम वा अन्ता ख़ैर-उर-राहिमीन”

Pehle Ashre Ki Dua in English

“Rabbig Fir War-Ham Waa Antaa Khairur-Raahimeen”.

Pehle Ashre Ki Dua in Arabic

“رَبِّ اغْفِرْ وَارْحَمْ وَأَنْتَ خَيْرُ الرَّاحِمِينَ”

Pehle Ashre Ki Dua Ka Tarjuma

अल्लाह! मुझे माफ कर दो और मुझ पर रहम करो। आप सबसे अधिक दयालु हैं।

आख़िरी बात

आपने पहले अशरे की दुआ के बारे में बहुत अच्छा जानकारी प्राप्त किया। हमने इसे हिंदी, अरबी और इंग्लिश में लिखा था ताकि आप अपनी पसंद की भाषा में पढ़ सकें और इसे अपने जीवन में शामिल कर सकें।

अगर आपको पहले अशरे की दुआ के बारे में कोई सवाल है, तो आप हमें कमेंट करके पूछ सकते हैं। हम आपके सभी सवालों का जवाब देने की कोशिश करेंगे, इंशाअल्लाह। मेरा मकसद हमेशा से यही रहा है कि मैं आपके इस्लाम से जुड़ी सभी उलझनों को दूर कर सकूँ।

अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी हो या इससे कुछ फायदा हुआ हो, तो कृपया इसे अपने दोस्तों और परिवार के साथ जरूर साझा करें। इससे उन्हें भी पहले अशरे की दुआ पढ़ने का मौका मिलेगा और वे भी अपने गुनाहों की मग़फिरत करा सकेंगे।

My name is Firdoush, and I am the Editor and Writer at Imanaze. I am a Sunni Muslim from Ranchi, India, with experience in teaching and writing about Islam since 2019. My work focuses on creating and sharing authentic Islamic duas and content aimed at pleasing Allah ﷻ and seeking His blessings.

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